जंगली हाथी से ग्रामीण परेशान

In राज्य

जोनमनि

विश्वनाथ, 14 दिसम्बर (संवाद) । इंसान और जंगली हाथी के बीच संघर्ष की कहानी कोई नहीं नहीं है इसी कड़ी में विश्वनाथ जिले के बिहाली इलाके में जंगली हाथियों के उपद्रव से गांव वाले काफी परेशान हैं। बीती रात तो हाथियों ने उपद्रव करते हुए दो घरों में तोड़फोड़ कर दी और एक व्यक्ति का कई बोरी सरकारी चावल खा गया।

जानकारी के अनुसार काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान के छठे संयोजन से जंगली हाथी खाद्य की तलाश में बिहाली के विभिन्न इलाकों में आए दिन आ जाते हैं। रविवार रात बिहाली के बाघमरिया और बालीपोखरी इलाके में एक जंगली हाथियों ने जमकर उपद्रव मचाया। बालीपोखरी इलाके के बैदराज क्षेत्री और राजू क्षेत्री नामक दो व्यक्तियों को के घरों को तोड़ डाला। इन हाथियों के एक झुंड ने बाघमारी इलाके में भी जमकर उपद्रव मचाया कई घरों को नुकसान पहुंचाए जाने के साथ अब्दुल अली नामक व्यक्ति का सुलभ मूल्य का दुकान में रखा गया दस बोरी चावल और दो बोरी दाल जंगली हाथी खा गए।

 

जंगली हाथियों के उपद्रव मचाए जाने की खबर लेने के लिए सोमवार को असम अल्पसंख्यक संग्राम परिषद के बाघमारिया समिति के इस्लाम वहां पर पहुंचे और इस बारे में पीड़ितों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि जो भी नुकसान हुआ है, सरकार इसकी भरपाई करे और जंगली हाथी के उपद्रव से गांव वालों को बचाने के लिए वन विभाग ठोस कदम उठाने चाहिए।  वहीं स्थानीय गांव वालों का कहना है कि जंगली हाथियों के उपद्रव से बचने के लिए वन विभाग द्वारा ठोस कदम उठाया जाए अन्यथा आने वाले समय में जान-माल का भयंकर नुकसान हो सकता है।

 

 

 

Mobile Sliding Menu

error: Content is protected !!